Advertisement

युवावस्था में रिटायरमेंट या लंबी अवधि के लक्ष्य बहुत दूर लगते हैं, इसलिए निवेश टालना आसान होता है। पर निवेश की सबसे बड़ी ताक़त — समय — केवल युवाओं के पास होती है, और बाद में इसे ख़रीदा नहीं जा सकता।

जल्दी शुरू करना ज़्यादा बचाने से भी बड़ी बढ़त है।

समय क्यों रक़म से बड़ा

कंपाउंडिंग में पैसा, पैसे पर बढ़ता है, और इसकी असली ताक़त वर्षों की संख्या से आती है। बीस की उम्र में लगाई गई छोटी रक़म, दशकों तक बढ़ते-बढ़ते, चालीस की उम्र में लगाई बड़ी रक़म से आगे निकल सकती है।

जल्दी शुरू करने वाला थोड़ा बचाकर भी, देर से शुरू करने वाले से आगे रह सकता है।

Advertisement

देर की क़ीमत

हर साल की देरी सिर्फ़ शुरुआत नहीं टालती — वह सबसे क़ीमती शुरुआती वर्षों में से एक छीन लेती है, जब कंपाउंडिंग को बढ़ने का सबसे लंबा समय मिलता। इसलिए देर की क़ीमत अभी नहीं, बल्कि अंत में एक बड़ी छूटी हुई रक़म के रूप में चुकानी पड़ती है।

यही कारण है कि “कल से शुरू करेंगे” सबसे महँगा वाक्य है।

आश्वस्त करने वाला पहलू

अच्छी ख़बर यह है कि चूँकि समय इतना काम करता है, शुरुआत के लिए बड़ी रक़म की ज़रूरत नहीं। जल्दी शुरू की गई छोटी, नियमित SIP भी दशकों में बड़ी बन सकती है। अगर आप युवा हैं, तो सबसे अच्छा क़दम है — अभी शुरू करें, भले छोटा।

यह लेख सामान्य जानकारी है।